निराला गुड्डा - मुज़फ़्फ़र हनफ़ी
निराला गुड्डा - मुज़फ़्फ़र हनफ़ी अब तक इस मकान में झाड़ू नहीं दी गई? शमीम ने रौब जमाया... तो बड़ी काम-चोर हो गई है शहनाज़। और शहनाज़ अपने फटे हुए दुपट्टे से घरौंदे को इस तरह तनदही से साफ़ करने लगी जैसे वाक़ई वो इस घर की मामा हो और शमीम उसकी मालकिन…