चंदा मामू (चंदा मामा ) - खज़ानचंद वसीम
चंदा मामू (चंदा मामा) प्यारे चाँद चमकने वाले, दुनिया भर को तकने वाले सब के सर पर तेरा डेरा, सब से ऊँचा घर है तेरा तू जब अपनी खास शान से, नीले-नीले आसमान से दूर उभरता दिया दिखाई, बोल उठी झट बुढिया माई 'बेटा तेरा मामू आया" | मै कहता हू…